
नैचुरोपैथी: A Way of Life पुस्तक में लेखक ने प्रथम अध्याय में प्राकृतिक चिकित्सा की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि के अन्तर्गत प्राकृतिक चिकित्सा का अर्थ, परिभाषा, उद्भव, इतिहास एवं विकास, वर्तमान में प्राकृतिक चिकित्सा की आवश्यकता एवं महत्त्व, प्राकृतिक चिकित्सा एवं योग में सामंजस्य, प्राकृतिक चिकित्सा दर्शन और उसके दस मूलभूत सिद्धांत को शामिल किया है। दूसरे अध्याय में छः प्रमुख तत्त्वों (पृथ्वी, जल, अग्नि, वायु आकाश और महतत्त्व) की उत्पत्ति के साथ-साथ आध्यात्मिक और वैज्ञानिक महत्व को भी स्पष्ट किया गया है। तीसरे अध्याय में षट् तत्त्वों पर आधारित चिकित्सा की विधि, लाभ और सावधानियां आदि पर विस्तार से प्रकाश डाला गया है। चौथे अध्याय में रोगी के कर्तव्य, प्राकृतिक चिकित्सा विशेषज्ञ के कर्तव्य, उपचारक के कर्तव्य, रोगी के मित्रों एवं परिवार के सदस्यों के कर्तव्य तथा वर्तमान में प्रचलित प्रमुख बीमारियों / समस्याओं को ठीक करने के लिए प्राकृतिक चिकित्सा से उपचार करने की विभिन्न विधियों को समझाने का यथासभंव प्रयास किया है। स्कूल, कॉलेज एवं यूनिवर्सिटी के प्राकृतिक चिकित्सा एवं योग संबंधित पाठ्यक्रम को ध्यान में रखते हुए Certificate, Diploma, NDDY, DNYS, BNYS, B-A/B-Sc M-A/M-Sc, BAMS, YCB आदि परीक्षाओं के अनुरूप प्रस्तुत पुस्तक की रचना की गई है। प्रस्तुत पुस्तक योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा जिज्ञासुओं के साथ साथ सामान्य व्यक्ति के जीवन के लिए मील का पत्थर सिद्ध होगी, ऐसा लेखक का दृढ़ विश्वास है। इस पुस्तक की सबसे अच्छी विशेषता यह है कि इसमें छायाचित्रों के साथ-साथ QR Code भी दिया गया है जिसको स्कैन करके सभी विषयों को और उपचार की विधियों को ठीक से देख व समझ सकते हैं।
| Brand Name | Raghav Publication |
| Manufacturer | Raghav Publication |
| Item Type | Healthy Living & Wellness · Books |
| Shipping Weight | 220 g |
| Package Dimensions | 25 × 19 × 2 cm |
| Category | Books › Health, Family & Personal Development › Healthy Living & Wellness |
| Category Rank | #78,527 in Books |
| Marketplace Rating | 4.4 out of 5 (29 ratings on the source marketplace) |