
“‘याद की रहगुज़र’ शौकत कैफ़ी की वह दास्ताँ है जिसमें उनके शौहर उर्दू के मशहूर शायर और नगमानिगार कैफ़ी आज़मी और उनके बच्चों एक्ट्रेस शबाना आज़मी और कैमरामैन बाबा आज़मी के खूबसूरत और दिलचस्प किस्से हैं · इसमें प्रगतिशील लेखक आन्दोलन से जुड़े हुए कवियों और लेखकों का ज़िक्र है · ऊंचे सामाजिक मूल्यों के लिए संघर्ष करने वाले किरदार हैं · शौकत कैफ़ी स्टेज और फिल्म की एक बहुत मंजी हुई और बेमिसाल अभिनेत्री भी हैं · ‘याद की रहगुज़र’ में उन्होंने इप्टा और पृथ्वी थियेटर से जुड़े हुए अपने दिनों के बारे में कई अनोखी बातें लिखी हैं · ‘याद की रहगुज़र’ शौकत कैफ़ी के बहुरंगी अनुभवों का बयान है जिसमें जीवन के ठन्डे और गरम मौसमों की तस्वीरें हैं · मानव-मन का रोमांस है, हिम्मत और विजय की भावना है · बहुत सादा लेकिन अर्थपूर्ण यह लेखन पाठक के दिल और दिमाग में अतीत से प्रेम और भविष्य के प्रति आस्था जगाता है · ” -- असगर वजाहत
| Brand Name | Rajkamal Prakashan |
| Manufacturer | Rajkamal Prakashan |
| Item Type | Biographies & Autobiographies · Books |
| Shipping Weight | 240 g |
| Package Dimensions | 22 × 14.4 × 1.4 cm |
| Category | Books › Biographies, Diaries & True Accounts › Biographies & Autobiographies |
| Category Rank | #672,469 in Books |
| Marketplace Rating | 4.3 out of 5 (21 ratings on the source marketplace) |
| EAN | 9788126710829 |